निर्धारण वर्ष 2022-2023 के लिए हिन्दु अविभाजित परिवार (एच.यू.एफ.) के लिए लागू टैक्स और छूट

ITR-2- व्यक्ति और एच.यू.एफ. के लिए लागू

यह विवरणी व्यक्ति और हिन्दु अविभाजित परिवार (एच.यू.एफ.) के लिए लागू है।
कारोबार या व्यवसाय के लाभ और अभिलाभ शीर्ष के अंतर्गत आय न होना

 ITR-3- व्यक्ति और एच.यू.एफ. के लिए लागू

यह विवरणी व्यक्ति और हिन्दु अविभाजित परिवार (एच.यू.एफ.) के लिए लागू है।
कारोबार या व्यवसाय के लाभ और अभिलाभ के शीर्ष के अंतर्गत आय होने पर

इसमे लागू होने वाले फॉर्म की आवश्यकता —-
1. प्रारूप 16A – वेतन के अतिरिक्त आय पर टी. डी. एस. के लिए प्रमाण पत्र, आयकर अधिनियम, 1961 की धारा 203 के तहत
द्वारा उपबंध की गई

फॉर्म में उपबंध किया गया ब्यौरा:
कटौतीकर्ता से डिडक्टर फॉर्म 16A स्रोत पर काटे गए कर (टी.डी.एस.) का प्रमाण पत्र है जो टी.डी.एस. की राशि, भुगतान की प्रकृति और वेतन के अलावा अन्य आय पर आयकर विभाग के पास निक्षिप्त किए गए टी.डी.एस. को दर्शाता है।

2. प्रारूप 26AS – ऐन्यूअल इंफॉर्मेशन स्टेटमेंट (सूचना विवरण-पत्र)
द्वारा उपबंध की गई फॉर्म में प्रदान किया गया ब्यौरा
आयकर विभाग
(यह ट्रेसेस पोर्टल पर उपलब्ध है, जिसे ई-फ़ाईलिंग पोर्टल या इंटरनेट बैंकिंग में लॉग-इन करने के बाद एक्सेस किया जा सकता है)

    स्रोत पर काटा गया /एकत्र किया गया कर
    अग्रिम कर / स्वयं निर्धारित कर भुगतान
    निर्दिष्ट वित्तीय लेन देन/संव्यवहार
    मांग / प्रतिदाय
    लंबित / पूर्ण कार्यवाही

3. फॉर्म 15G – कर की कटौती के बिना कुछ प्राप्तियों का दावा करने वाले निवासी करदाता (कंपनी या फ़र्म नहीं होने के नाते) द्वारा घोषणा
के द्वारा प्रस्तुत फॉर्म में प्रदान किया गया ब्यौरा
यदि आय मूल छूट सीमा से कम हो, तो 60 वर्ष से कम का निवासी व्यक्ति या एच.यू.एफ़. या कोई अन्य व्यक्ति (कंपनी / फ़र्म के अलावा), बैंक को, ब्याज से आय पर टी.डी.एस. नहीं काटने के लिए वित्तीय वर्ष के लिए अनुमानित आय

4. फॉर्म 67 – विदेश से या भारत से बाहर निर्दिष्ट किसी क्षेत्र से आय का विवरण-पत्र और विदेशी कर क्रेडिट
के द्वारा प्रस्तुत

See Also  समामेलन से पूर्व लाभ या हानि (Loss Prior to Incorporation Account) की विधियों का गणना करना

फॉर्म में प्रदान किया गया ब्यौरा
करदाता, धारा 139(1) के तहत आई.टी.आर. प्रस्तुत करने के लिए निर्दिष्ट नियत तिथि को या उससे पहले प्रस्तुत किया जाना है । भारत से बाहर किसी देश या निर्दिष्ट राज्य क्षेत्र से आय और विदेशी कर जमा का दावा किया गया

5. प्रारूप 3CB-3CD
के द्वारा प्रस्तुत फॉर्म में प्रदान किया गया ब्यौरा
करदाता जिसे धारा 44AB के तहत एक लेखापाल द्वारा अपने खातों की लेखा-परीक्षा करवाना आवश्यक है। निर्धारण वर्ष के 30 सितंबर को या उससे पहले प्रस्तुत किया जाना है । आयकर अधिनियम, 1961 की धारा 44AB के तहत लेखा परीक्षाओं की रिपोर्ट (फ़ॉर्म 3CB) और दस्तावेज़ों का ब्यौरा (फ़ॉर्म 3CD) प्रस्तुत किया जाना आवश्यक है

6. फॉर्म 3CEB
के द्वारा प्रस्तुत फॉर्म में प्रदान किया गया ब्यौरा
करदाता जो एक अंतरराष्ट्रीय लेनदेन या निर्दिष्ट देशीय लेनदेन में प्रवेश करता है, उसके लिए चार्टर्ड एकाउंटेंट से धारा 92E के तहत रिपोर्ट प्राप्त करना आवश्यक है। निर्धारित वर्ष की 31 अक्टूबर को या उससे पहले प्रस्तुत किया जाएगाएक अधिकृत लेखपाल जिसमें सभी अंतर्राष्ट्रीय लेनदेन और निर्दिष्ट देशी लेनदेन का ब्यौरा शामिल है।

 2022-2023 के लिए कर स्लैब —

व्यक्ति और एच.यू.एफ., विद्यमान कर व्यवस्था या निम्न दर वाली नई कर व्यवस्था का विकल्प चुन सकते हैं (आयकर अधिनियम की धारा 115 BAC के तहत)

नई कर व्यवस्था में रियायती दरों का विकल्प चुनने वाले करदाताओं को वर्तमान कर व्यवस्था में उपलब्ध कुछ छूटों और कटौतियों (जैसे 80C, 80D,80TTB, HRA) की अनुमति नहीं दी जाएगी।
वर्तमान कर व्यवस्था नई कर व्यवस्था

आयकर दर            इनकम टैक्स स्लैब                  आयकर दर                                                  इनकम टैक्स स्लैब
₹ 2,50,000 तक         शून्य                        ₹ 2,50,000 तक                                                शून्य
₹ 2,50,001 – ₹ 5,00,000 ₹2,50,000 से अधिक 5% ₹ 2,50,001 – ₹ 5,00,000                ₹2,50,000 से अधिक 5%
₹ 5,00,001 – ₹ 10,00,000 ₹12,500 + ₹5,00,000 से अधिक पर 20% ₹ 5,00,001 – ₹ 7,50,000 ₹12,500 + ₹5,00,000 से अधिक पर 10%
₹10,00,000 से अधिक ₹1,12,500 + ₹10,00,000 से अधिक पर 30% ₹ 7,50,001 – ₹ 10,00,000 ₹37,500 + ₹7,50,000 से अधिक पर 15%

See Also  Income tax क्या होता हैं Individual taxation क्या हैं- Under Income Tax Act 1961

                                                                            ₹ 10,00,001 – ₹ 12,50,000 ₹75,000 + ₹10,00,000 से अधिक पर 20%
                                                                            ₹ 12,50,001 – ₹ 15,00,000 ₹1,25,000 + ₹12,50,000 से अधिक पर 25%
                                                                           ₹15,00,000 से अधिक ₹1,87,500 + ₹15,00,000 से अधिक पर 30%

इस पर  

अधिभार, सीमांत राहत और स्वास्थ्य एवं शिक्षा उपकर
घटक 389
अधिभार क्या है?
अधिभार एक अतिरिक्त शुल्क है जो निर्दिष्ट सीमा से अधिक आय अर्जित करने वाले व्यक्तियों के लिए लगाया जाता है, यह लागू दरों के अनुसार गणना की गई आयकर राशि पर प्रभारित होता है

    10% – ₹ 50 लाख से ऊपर कराधेय आय – ₹ 1 करोड़ तक
    15 % – कराधेय आय ₹ 1 लाख से अधिक – ₹ 2 करोड़ तक
    25 % – कराधेय आय ₹ 2 लाख से अधिक – ₹ 5 करोड़ तक
    37% – ₹ 5 करोड़ से अधिक कराधेय आय
    धारा 111A, 112A और 115AD के प्रावधानों के तहत लाभांश या आय के रूप में आय पर अधिकतम अधिभार 15% है

See Also  Transfer pricing (हस्तांतरण मूल्य निर्धारण) क्या होता हैं। ये कितने प्रकार का होता है। अंतर्राष्ट्रीय संबंध मे भारतीय Advance Pricing Agreements क्यों किया गया।

सीमांत राहत क्या है?
सीमांत राहत, अधिभार से राहत है बशर्ते उन मामलों में जहाँ देय अधिभार उस अतिरिक्त आय से अधिक हो, जो व्यक्ति को अधिभार के लिए उत्तरदायी बनाता है। अधिभार के रूप में देय राशि क्रमशः ₹ 50 लाख, ₹ 1करोड़, ₹ 2 करोड़ या ₹ 5 करोड़ से अधिक अर्जित आय की राशि से अधिक नहीं होगी

स्वास्थ्य व शिक्षा उपकर क्या है?
स्वास्थ्य व शिक्षा उपकर @ 4% की दर से आयकर की राशि और अधिभार (यदि कोई हो) पर भी सन्दत्त किया जाएगा

अनुभाग 24 (b) – आवास ऋण और आवास सुधार ऋण पर भुगतान किए गए ब्याज पर गृह सम्पत्ति से आय से कटौती। स्व-अधिकृत सम्पत्ति के मामले में, आवास ऋण पर भुगतान किए गए ब्याज की कटौती की ऊपरी सीमा ₹ 2,00,000 है। हालांकि, यह कटौती नई कर व्यवस्था को चुनने वाले व्यक्ति के लिए उपलब्ध नहीं है।

हमारी Hindi law notes classes के नाम से video भी अपलोड हो चुकी है तो आप वहा से भी जानकारी ले सकते है।  कृपया हमे कमेंट बॉक्स मे जाकर अपने सुझाव दे सकते है।और अगर आपको किसी अन्य पोस्ट के बारे मे जानकारी चाहिए तो उसके लिए भी आप उससे संबंधित जानकारी भी ले सकते है
यदि आप इससे संबंधित कोई सुझाव या जानकारी देना चाहते है।या आप इसमें कुछ जोड़ना चाहते है। या इससे संबन्धित कोई और सुझाव आप हमे देना चाहते है।  तो कृपया हमें कमेंट बॉक्स में जाकर अपने सुझाव दे सकते है।

Leave a Comment