प्रतिदेय डिबेंचर क्या हैं? इनके लाभ हानि क्या है। प्रतिदेय डिबेंचर और गैर-प्रतिदेय डिबेंचर के बीच प्रमुख अंतर क्या है।

प्रतिदेय डिबेंचर क्या हैं? इनके लाभ हानि क्या है। प्रतिदेय डिबेंचर और गैर-प्रतिदेय डिबेंचर के बीच प्रमुख अंतर क्या है।

प्रतिदेय डिबेंचर के अर्थ को समझने के लिए, ऋणमुक्ति (रिडेंप्शन) को समझना होगा।  आइए समझते हैं कि ऋणमुक्ति क्या है। इसका  अर्थ है कि उधार ली गई राशि की उस…

डिबेंचर क्या होते है। डिबेंचर के प्रकार कौन कौन से है।

डिबेंचर क्या होते है। डिबेंचर के प्रकार कौन कौन से है।

कंपनी अधिनियम, 2013 की धारा 2(30) मे  ‘डिबेंचर’ को परिभाषित किया गया है। इसमें यह बताया गया है कि  डिबेंचर में डिबेंचर स्टॉक, बॉन्ड या कंपनी द्वारा ली गई राशि…

एनुअल जनरल मीटिंग (AGM) क्या होता है?

एनुअल जनरल मीटिंग (AGM) क्या होता है?

इसे आम भाषा मे एजीएम  कहते है इसका  फुल फॉर्म “Annual General Meeting” होता है | वहीं इसक हिंदी में उच्चारण “एनुअल  जनरल मीटिंग” होता है और इसका हिंदी में…

सार्वजनिक कंपनी क्या होती है? इसके लाभ और नुकसान क्या क्या है।

सार्वजनिक कंपनी क्या होती है? इसके लाभ और नुकसान क्या क्या है।

सार्वजनिक कंपनी एक प्रकार का  संगठन है । जो कि शुरू में सार्वजनिक बाजार में स्टॉक प्रदान करता है।  और यह  खुले बाजार में व्यापार करता है। ये कंपनियां शेयरधारकों…

निजी ( प्राइवेट) कंपनी/ (Private Company )क्या होता है। इसके क्या विशेषता है।

निजी ( प्राइवेट) कंपनी/ (Private Company )क्या होता है। इसके क्या विशेषता है।

निजी (प्राइवेट) कंपनी/ (Private Company)- एक निजी (प्राइवेट) कंपनी/ (Private Company) गैर-सरकारी संगठनों के स्वामित्व वाली एक वाणिज्यिक कंपनी होती है  या यह कंपनी के शेयरधारकों या सदस्यों की अपेक्षाकृत…

एक कंपनी का प्रवर्तक यानि की प्रमोटर क्या होता है। उसके  कार्य, कर्तव्य और दायित्व

एक कंपनी का प्रवर्तक यानि की प्रमोटर क्या होता है। उसके कार्य, कर्तव्य और दायित्व

प्रमोटर का अर्थ – प्रमोटर ’शब्द व्यापार का शब्द है। यह शब्द  कानून का नहीं है और न ही  यह अधिनियम में कहीं भी परिभाषित किया गया है।  लेकिन कई…

किसी कंपनी मे director ( डायरेक्टर या निदेशक ) क्या होते है। डायरेक्टर(निदेशक) कितने प्रकार तथा रोल

किसी कंपनी मे director ( डायरेक्टर या निदेशक ) क्या होते है। डायरेक्टर(निदेशक) कितने प्रकार तथा रोल

डाइरेक्टर (निदेशक) का अर्थ होता है – “दिशा देने वाला” अर्थात डाइरेक्टर  “एक ऐसा व्यक्ति जो किसी कंपनी या संस्थान को चलाता है। ” कंपनी अधिनियम, 2013 के अनुसार –…

Memorandum of association (पार्षद सीमा नियम) क्या होता है। कंपनी मे इसका क्या महत्व है?

Memorandum of association (पार्षद सीमा नियम) क्या होता है। कंपनी मे इसका क्या महत्व है?

Memorandum of association (पार्षद सीमा नियम)- मेमोरंडम ऑफ असोशिएशन यह किसी भी कंपनी का प्रधान प्रपत्र होता है। किसी भी कंपनी के लिए यह महत्वपूर्ण होता है। कोई भी कंपनी इसके…

Winding up of a company (कंपनी के समापन)  से आप क्या समझते हैं। इसकी प्रक्रिया क्या है?

Winding up of a company (कंपनी के समापन) से आप क्या समझते हैं। इसकी प्रक्रिया क्या है?

Winding up of company (कंपनी का समापन)- कंपनी का समापन से आशय कंपनी को खत्म करने से है जिसमे कंपनी की सम्पतियों को कंपनी के लेनदारों को उनकी रकम वापस…

पार्टनर्शिप यानि की साझेदारी क्या होता है। इसकी परिभाषा और लक्षण

पार्टनर्शिप यानि की साझेदारी क्या होता है। इसकी परिभाषा और लक्षण

पार्टनर्शिप एक्ट 1932 मे पार्टनर्शिप को विस्तार से बताया गया है। यह 1 अक्टूबर 1932 से लागू हुआ है, यह पहले से भी लागू हो चुका था। इसका मुख्य सौर्से…